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प्रकृति संरक्षण को समर्पित एकमात्र पत्रिका आम आदमी की भाषा में
प्रदूषण प्रभाव
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सुपरबग समेटे दुनिया की खतरनाक झील

01-10-2017

एक मछली समूचे तालाब को गंदा कर देती है। लेकिन एक बड़ी झील ही गंदी हो जाए तो उसके प्रदूषण का कहर कितना खतरनाक होगा। हैदराबाद के समीप मेडक की एक खूबसूरत काजीपल्ली झील कुछ ऐसी ही हो गई है। झील के पानी में सुपरबग का साम्राज्य व्याप्त हो गया है। वैज्ञानिकों ने सुपरबग को मेडिसिन जगत की सबसे बड़ी मुसीबत करार दिया है। काजीपल्ली झील एक विकराल समस्या को समेटे हुए है, आखिर इसका हल क्या होगा?

काजीपल्ली झील में सुपरबग

काजीपल्ली झील में सुपरबग कैसे पनपे, इसके लिए जिम...

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जलवायु परिवर्तन की भेंट देश के 122 जिले

01-02-2015

ग्लोबल वार्मिग के बढ़ते संकट से हम जितने अनजान हैं, खतरा उससे कहीं अधिक भयावह है। पृथ्वी पर बढ़ते तापमान से अनेक पर्यावरणीय संकट दुनिया के सामने आने लगे हैं। पृथ्वी शिखर सम्मेलन क्योटो में विश्व के अधिकांश देशों ने बढ़ते तापमान को रोकने के लिए वैश्विक सहमति पर हस्ताक्षर तो किए, मगर अफसोस कि धरती का तापमान बढ़ाने वाली ग्रीन हाउस गैसों के उत्सर्जन में कमी नहीं की।

संकट में 122 जिले

जलवायु परिवर्तन खतरा अब उठ खड़ा हुआ है। दुनिया भर में इस खतरे को लेकर आशंकाएं ...

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बढ़ती जनसंख्या और भविष्य की चुनौतियाॅं

01-02-2015

दुनिया की बढ़ती जनसंख्या और घटता कृषि उत्पादन भविष्य के लिए अहम् चुनौती बन रही है। इसी के साथ पृथ्वी की बदलती जलवायु से कृषि उत्पादन घटते क्रम पर हो रहा है। कई देशों में भूख और कुपोषण के बीच लोग जीने के लिए अभिशप्त हैं। सभी लोगों के लिए भोजन उपलब्ध हो सके, इसके लिए पर्यावरण ह्रास को रोकने के लिए प्रभावशाली प्रयास करने पड़ेंगे।

बढ़ती जनसंख्या एवं उपभोग प्राकृतिक संसाधनों व पर्यावरण पर निरंतर दबाव बनाए हुए हैं। एक ओर जहाॅं वर्ष 2050 तक मानव जनसंख्या 9 बिलियन पा...

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गंगा में यूरेनियम

01-01-2015

इलाहाबाद के अलग-अलग क्षेत्रों में यूरेनियम की मात्रा भी पहले से ज्यादा पाई गई है। शोध के दौरान संगम से पहले, संगम पर व यमुना और गंगा के पानी की जांच में 3.9, 3.4 व 3.0 पीपीबी यूरेनियम की मात्रा अधिक पाई गई है। 

गंगा नदी विश्व भर में अपनी शुद्धिकरण क्षमता के लिए जानी जाती है। इस नदी के जल में बैक्टीरियोफेज नामक विषाणु होते हैं, जो जीवाणुओं व अन्य हानिकारक सूक्ष्मजीवों को जीवित नहीं रहने देते। 

रोगों की वजह गंगा

नदी के जल में आक्सीजन की मात्रा को बनाए रखने ...

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प्लास्टिक: गर्भवती महिलाएं बचें

01-01-2015

प्लास्टिक हमारे जीवन में जितना रच-बस गया है, वहीं स्वास्थ्य को खोखला कर रहा है। प्लास्टिक के कुप्रभाव से बचने के लिए उसे हम उसमें भोजन और भोज्य सामग्री रखने से बचें तो बेहतर होगा।

प्लास्टिक हमारे जीवन में जिस तरह घुसपैठ कर चुका है, उससे छुटकारा पाना सम्भव नहीं है। लेकिन प्लास्टिक के दुष्प्रभाव बढ़ते जा रहे हैं, जिसे वैज्ञानिक ठीक-ठीक विश्लेषित नहीं कर पा रहे हैं। प्लास्टिक का इस्तेमाल करने वाली गर्भवती महिलाओं को सावधान हो जाना चाहिए, क्योंकि इससे गर्भ...

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भारत के समाचार पत्रों के पंजीयक कार्यालय की पंजीयन संख्या( आर. एन. आर्इ. नं.) : 7087498, डाक पंजीयन : छ.ग./ रायपुर संभाग / 26 / 2012-14
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स्वामित्व, मुद्रक एवं प्रकाषक : एनवायरमेंट एनर्जी फाउडेषन, 28 कालेज रोड, चौबे कालोनी, रायपुर (छ.ग.) के स्वामित्व में प्रकाषित, महावीर आफसेट प्रिंटर्स, रायपुर से मुदि्रत, संपादक - ललित कुमार सिंघानिया, 205, समता कालोनी, रायपुर रायपुर (छ.ग.)

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